कृतर्थं प्रति नष्टमप्यनष्टं तदन्यसाधारणत्वात् ।। 22 ।।

kṛtarthaṃ prati naṣṭamapyanaṣṭaṃ tadanyasādhāraṇatvāt ।। 22 ।।

Shlok Meaning

Hindi Translation

जो मुक्त पुरूष होते हैं उनके लिए इस सृष्टि का कोई प्रयोजन न रहने से यह उनके लिए नष्ट हुई के समान है । लेकिन जो अन्य सामान्य पुरुष हैं उनके लिए इसका प्रयोजन अभी भी वैसा ही है । इसलिए यह उनके लिए नष्ट नहीं होती है ।

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